सर झुकाने से नमाज़ें अदा नहीं होती...!!!
दिल झुकाना पड़ता है इबादत के लिए...!!!
Amazon
Popular Posts
-
कहते हैं की जब कोई किसी को बहुत याद करता हैं तो तारा टूट कर गिरता हैं एक दिन सारा आसमान ख़ाली हो जायेगा ओंर इल्जाम मुझ पर आएगा। *******...
-
ख़ुदा महफूज़ रखें आपको तीनों बलाओं से, वकीलों से, हक़ीमों से, हसीनों की निगाहों से। -अकबर इलाहाबादी
-
वादा करते तो कोई बात होती; मुझे ठुकराते तो कोई बात होती; यूँ ही क्यों छोड़ दिया दामन; कसूर बतलाते तो कोई बात होती।
-
सर झुकाने से नमाज़ें अदा नहीं होती...!!! दिल झुकाना पड़ता है इबादत के लिए...!!!
-
Tere Ishq Ki Intaha Chahta Hun; Meri Sadgi Dekh Kya Chahta Hun; Sitam Ho K Ho Wada-e-Behijabi; Koi Bat Sabr-Azma Chahta Hun; Ye Jannat M...
Visitors Count
Join Us Here
Blogger द्वारा संचालित.